भोपाल संवाददाता:रोशनी बिसेन
भोपाल। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शासकीय कर्मचारियों के असमय निधन से प्रभावित परिवारों को राहत देते हुए 954 पात्र आश्रितों को अनुकंपा नियुक्ति पत्र प्रदान किए। बुधवार, 21 अक्टूबर को भोपाल के रवींद्र भवन में स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस दौरान उन्होंने प्रदेश में शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए 400 नए सांदीपनि विद्यालय भवनों के निर्माण की घोषणा भी की।
954 आश्रितों को मिला रोजगार का सहारा
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि परिवार के किसी सदस्य का असमय निधन होना बेहद पीड़ादायक होता है। ऐसे समय में परिवार को भावनात्मक आघात के साथ आर्थिक संकट का भी सामना करना पड़ता है। राज्य सरकार ऐसे प्रभावित परिवारों को अपना परिवार मानकर उनकी सहायता के लिए प्रतिबद्ध है।
उन्होंने कहा कि त्योहारों के मौसम में परिवारों को आर्थिक संबल देना सरकार की प्राथमिकता है। केवल संवेदनाएं व्यक्त करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि जिम्मेदारियों को निभाने के लिए ठोस निर्णय लेना जरूरी है। इसी सोच के तहत अनुकंपा नियुक्ति की प्रक्रिया को प्राथमिकता दी गई है।
कार्यक्रम में नियुक्ति पाने वालों में सहायक ग्रेड-3, प्राथमिक शिक्षक और चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारी शामिल हैं। मुख्यमंत्री ने उम्मीद जताई कि सभी नवनियुक्त कर्मचारी पूरी निष्ठा और जिम्मेदारी के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करेंगे।
400 नए सांदीपनि विद्यालय भवनों का होगा निर्माण
मुख्यमंत्री ने शिक्षा क्षेत्र में बड़ी घोषणा करते हुए कहा कि प्रदेश में 400 नए सांदीपनि विद्यालय भवनों का निर्माण किया जाएगा। इनमें जनजातीय कार्य विभाग के अंतर्गत जनजातीय बहुल क्षेत्रों में 200 भवन और स्कूल शिक्षा विभाग के अंतर्गत 200 भवन बनाए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि सांदीपनि विद्यालय प्रदेश की स्कूली शिक्षा व्यवस्था में महत्वपूर्ण बदलाव ला रहे हैं। सरकार स्कूलों में आधुनिक प्रयोगशालाएं, बेहतर अधोसंरचना, खेल सुविधाएं और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने पर विशेष ध्यान दे रही है।
मुख्यमंत्री के मुताबिक, प्रदेश में स्कूल शिक्षा का बजट बढ़कर करीब 38 हजार करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। सरकार शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए लगातार काम कर रही है।
20 हजार पदों पर जल्द शुरू होगी भर्ती
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने युवाओं को रोजगार के अवसरों की जानकारी देते हुए कहा कि राज्य सरकार अब तक 85 हजार से अधिक सरकारी पदों पर नियुक्तियां कर चुकी है। इनमें 15 हजार पद स्कूल शिक्षा विभाग से संबंधित हैं। उन्होंने बताया कि स्कूल शिक्षा विभाग में 20 हजार पदों पर नई भर्ती प्रक्रिया शुरू होने वाली है।
उन्होंने यह भी कहा कि अनुकंपा नियुक्ति के करीब 350 पद अभी शेष हैं, जिन्हें साल के अंत तक भरने का लक्ष्य है। कर्मचारियों की पदोन्नति के लिए हर साल विभागीय पदोन्नति समिति (डीपीसी) की प्रक्रिया जारी रखी जाएगी।
मेधावी विद्यार्थियों को भी मिल रही सहायता
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार विद्यार्थियों को बेहतर शिक्षा और रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के लिए कई योजनाएं चला रही है। मेधावी विद्यार्थियों को लैपटॉप वितरित किए गए हैं और बोर्ड परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को स्कूटी देकर प्रोत्साहित किया गया है। साथ ही, विद्यार्थियों को नीट जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में भी सहायता दी जा रही है।
मंत्री उदय प्रताप सिंह ने सरकार के प्रयासों को सराहा
स्कूल शिक्षा एवं परिवहन मंत्री उदय प्रताप सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में राज्य सरकार कर्मचारियों और उनके परिवारों के हित में लगातार फैसले ले रही है। अनुकंपा नियुक्ति से प्रभावित परिवारों को आर्थिक सहारा मिलेगा और वे अपने भविष्य को बेहतर ढंग से संवार सकेंगे।
उन्होंने कहा कि सामान्य भर्ती, पदोन्नति और अनुकंपा नियुक्ति को प्राथमिकता देने के साथ शिक्षकों की लंबित समस्याओं का समाधान भी किया जा रहा है। सरकार का उद्देश्य शिक्षकों को सम्मान देना और विद्यार्थियों को बेहतर अवसर उपलब्ध कराना है।
मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि राज्य सरकार प्रभावित परिवारों की सहायता, युवाओं को रोजगार और प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।



