भोपाल संवाददाता:रोशनी बिसेन
बालाघाट मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले के बहुचर्चित चावल कांड में पुलिस ने एक और बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने राइस मिल संचालक कुमार कावरे को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। कुमार कावरे पूर्व आयुष राज्य मंत्री और भाजपा जिलाध्यक्ष रामकिशोर कावरे के बड़े भाई हैं
सूत्रों के मुताबिक, पुलिस की विशेष टीम ने रविवार को भोपाल के गोविंदपुरा इलाके स्थित रचना टावर से कुमार कावरे को हिरासत में लिया था। पूछताछ के बाद उन्हें गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया गया, जहां से न्यायिक हिरासत में भेजने के आदेश दिए गए।
5,459 मीट्रिक टन सरकारी चावल की हेराफेरी का मामला
यह पूरा मामला छिंदवाड़ा स्थित एवीजे एग्रो एथेनॉल प्लांट (AVJ Agro Ethanol Plant) तक करीब 5,459 मीट्रिक टन सरकारी चावल की कथित हेराफेरी और अवैध परिवहन से जुड़ा है।
मामले का खुलासा जून में उस समय हुआ था, जब वारासिवनी स्थित संचेती राइस मिल से सरकारी चावल से लदे दो ट्रक जब्त किए गए थे। इसके बाद पुलिस की जांच आगे बढ़ी तो पूर्व मंत्री रामकिशोर कावरे के परिवार से जुड़ी हर्ष राइस मिल, टेकाड़ी का नाम भी जांच में सामने आया।
पूर्व में तीन आरोपी हो चुके हैं गिरफ्तार
जांच के दौरान हर्ष राइस इंडस्ट्रीज के तीन पार्टनर—पूर्व मंत्री के भतीजे अविनाश कावरे, विनोद शर्मा और गोपाल ठाकुर—को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है।
पुलिस जांच में राइस मिलर्स के अलावा ट्रांसपोर्टरों और एथेनॉल प्लांट से जुड़े कर्मचारियों की भूमिका भी सामने आने की बात कही गई है।
कुमार कावरे की गिरफ्तारी 20वीं कार्रवाई
पुलिस के अनुसार, कुमार कावरे की गिरफ्तारी इस मामले में 20वीं गिरफ्तारी है। अब तक राइस मिलर्स, ट्रांसपोर्टरों, एथेनॉल प्लांट के मैनेजर और सुपरवाइजर समेत कई आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
पुलिस ने सरकारी चावल के कथित अवैध परिवहन में इस्तेमाल किए गए 28 ट्रकों को भी जब्त किया है। मामले की जांच अभी जारी है और पुलिस की ओर से आगे भी अन्य आरोपियों और पूरे नेटवर्क को लेकर कार्रवाई किए जाने की संभावना है।
पुलिस कर रही मामले की विस्तृत जांच
चावल कांड में पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि सरकारी चावल की कथित हेराफेरी और उसके परिवहन में कौन-कौन लोग शामिल थे और इसकी पूरी प्रक्रिया किस तरह संचालित की गई। कुमार कावरे की गिरफ्तारी के बाद जांच में कुछ और महत्वपूर्ण तथ्य सामने आने की उम्मीद है।
पुलिस प्रशासन की ओर से मामले की जांच और अब तक हुई कार्रवाई को लेकर जल्द विस्तृत जानकारी साझा किए जाने की संभावना है।




