भोपाल संवाददाता:रोशनी बिसेन
ग्वालियर मध्य प्रदेश की पूर्व मंत्री इमरती देवी एक बार फिर अपने बेबाक अंदाज और बयान को लेकर चर्चा में हैं। रामराजा सरकार की नगरी ओरछा में उन्होंने मंत्री कृष्णा गौर से मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री पद को लेकर ऐसी बात कह दी, जिसके बाद सियासी गलियारों में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया।
ओरछा मंदिर परिसर में इमरती देवी ने कृष्णा गौर को गले लगाते हुए कहा कि वह लंबे समय बाद मिली हैं। इसी दौरान उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा, “मैं तो कहती हूं रामराजा आपको मुख्यमंत्री बना दें।” इमरती देवी के इस बयान ने वहां मौजूद लोगों और समर्थकों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया।
कृष्णा गौर पहले चौंकीं, फिर मुस्कुराकर आगे बढ़ीं
इमरती देवी की यह बात सुनकर कृष्णा गौर कुछ पल के लिए हैरान नजर आईं। इसके बाद वह उनके करीब आईं और कुछ बातचीत की। दोनों के बीच हल्की मुस्कुराहट के बाद कृष्णा गौर वहां से आगे बढ़ गईं।
मुलाकात का यह वीडियो और बयान अब राजनीतिक चर्चाओं का विषय बन गया है। हालांकि, इमरती देवी ने यह बात किस संदर्भ में कही, इसे लेकर अलग-अलग राजनीतिक कयास लगाए जा रहे हैं।
BJP की प्रदेश कार्यसमिति के बीच बयान ने बढ़ाई हलचल
इमरती देवी का यह बयान ऐसे समय आया है, जब ओरछा में भाजपा प्रदेश कार्यसमिति की बैठक में संगठन और सरकार से जुड़े कई अहम मुद्दों पर मंथन चल रहा है। ऐसे में मुख्यमंत्री पद को लेकर दिया गया उनका बयान पार्टी के भीतर भी चर्चा का विषय बन गया है।
इमरती देवी को केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया का करीबी और समर्थक माना जाता है। अपने बेबाक बयानों के लिए चर्चित इमरती देवी इससे पहले भी कई मौकों पर राजनीतिक बयान देकर सुर्खियां बटोर चुकी हैं।
विपक्ष को भी मिला सियासी मुद्दा
मुख्यमंत्री पद को लेकर सार्वजनिक तौर पर सामने आए इस बयान ने विपक्ष को भी सरकार और भाजपा पर निशाना साधने का मौका दे दिया है। राजनीतिक जानकार इसे भाजपा के भीतर चलने वाली संभावित नेतृत्व संबंधी चर्चाओं से जोड़कर देख रहे हैं, हालांकि पार्टी की ओर से मुख्यमंत्री पद को लेकर किसी बदलाव या नए चेहरे की कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है।
फिलहाल, रामराजा सरकार की नगरी में इमरती देवी द्वारा कृष्णा गौर के लिए की गई ‘मुख्यमंत्री बनने की प्रार्थना’ ने मध्य प्रदेश की सियासत में नई चर्चा जरूर छेड़ दी है।




