इंदौर। इंदौर में आयोजित सनातन प्रीमियर लीग इन दिनों खेल और सियासी हलकों में चर्चा का विषय बनी हुई है। इस आयोजन में शामिल होने पहुंचे राजीव शुक्ला ने मंच से लीग का समर्थन करते हुए कहा कि जो भी क्रिकेट को बढ़ावा देता है, वह देश के भविष्य को मजबूत करता है।
Board of Control for Cricket in India के उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला ने कहा कि इस लीग की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें गांवों के बच्चों को खेलने का मौका मिल रहा है। उन्होंने कहा कि अगर गांव के खिलाड़ियों को मंच मिलेगा तो वही खिलाड़ी आगे चलकर स्टेट टीम, रणजी और राष्ट्रीय टीम तक पहुंच सकते हैं।
उन्होंने कहा कि देश में क्रिकेट की असली प्रतिभा बड़े शहरों में नहीं, बल्कि छोटे गांवों और कस्बों में छिपी होती है। इसलिए जमीनी स्तर पर ऐसे आयोजनों की जरूरत है, ताकि नई प्रतिभाओं को आगे आने का अवसर मिल सके।
राजीव शुक्ला ने आयोजन से जुड़े संत समाज की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि जब साधु-संत युवाओं को खेल से जोड़ने का काम कर रहे हैं, तो यह देश के लिए गर्व की बात है। उनके अनुसार अगर युवा खेल की ओर बढ़ेंगे तो वे नशे और गलत रास्तों से दूर रहेंगे, जो समाज के लिए सकारात्मक संकेत है।
उन्होंने यह भी कहा कि सनातन किसी विवाद का विषय नहीं है, बल्कि यह एक परंपरा और विचारधारा है, जिसकी स्थापना आदि शंकराचार्य ने की थी। अगर सनातन के नाम पर युवा खेल रहे हैं और आगे बढ़ रहे हैं तो यह समाज के लिए अच्छी बात है।
राजीव शुक्ला ने कहा कि देश में क्रिकेट को आगे बढ़ाने के लिए गांव-गांव में ऐसे खेल आयोजनों की जरूरत है, ताकि भारत को भविष्य के नए खिलाड़ी मिल सकें।



