भोपाल संवाददाता:रोशनी बिसेन
विदिशा। राजधानी भोपाल स्थित भदभदा डैम के गेट खोले जाने के बाद विदिशा जिले में बेतवा नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। नदी में लगातार बढ़ रही पानी की आवक के चलते तटीय इलाकों में बाढ़ जैसे हालात बनने लगे हैं। विदिशा के प्रसिद्ध चरणतीर्थ क्षेत्र के पास बेतवा नदी का पानी पुराने छोटे सड़क पुल के बेहद करीब पहुंच गया है। पानी अब पुल से महज एक फीट नीचे बह रहा है।
जलस्तर में लगातार हो रही बढ़ोतरी को देखते हुए पुराने पुल के जल्द जलमग्न होने की आशंका जताई जा रही है। ऐसे में पुल से आवागमन प्रभावित हो सकता है। प्रशासन ने हालात को देखते हुए नदी के आसपास निगरानी बढ़ा दी है।
प्रशासन अलर्ट मोड पर, तटीय इलाकों में बढ़ाई चौकसी
बेतवा नदी का जलस्तर खतरे के निशान के करीब पहुंचने के बाद स्थानीय प्रशासन अलर्ट मोड पर आ गया है। नदी के किनारे बसे निचले इलाकों और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरती जा रही है।
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे नदी के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए सावधानी बरतें और जरूरत पड़ने पर सुरक्षित स्थानों पर चले जाएं। निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को विशेष रूप से सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।
चरणतीर्थ और घाटों पर पुलिस-होमगार्ड तैनात
बढ़ते जलस्तर को देखते हुए चरणतीर्थ समेत नदी से लगे संवेदनशील घाटों पर पुलिस और होमगार्ड के जवानों की तैनाती की गई है। जवानों को निर्देश दिए गए हैं कि वे लोगों और श्रद्धालुओं को उफनती नदी के करीब जाने से रोकें।
प्रशासन ने आम लोगों और श्रद्धालुओं से अपील की है कि सुरक्षा के मद्देनजर बेतवा नदी के किनारे न जाएं और पानी के तेज बहाव के बीच पुल या पुलिया पार करने का प्रयास न करें।
लगातार रखी जा रही नजर
प्रशासन की टीमें बेतवा नदी के जलस्तर और तटीय क्षेत्रों की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। पानी की आवक और जलस्तर में होने वाले बदलाव के आधार पर आगे आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
फिलहाल पुराने सड़क पुल से पानी सिर्फ एक फीट नीचे बह रहा है। यदि जलस्तर इसी गति से बढ़ता रहा तो पुल के जलमग्न होने की स्थिति बन सकती है, जिससे क्षेत्र में आवागमन प्रभावित होने की संभावना है।




