उज्जैन: मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री Mohan Yadav के ड्रीम प्रोजेक्ट के तहत धर्मनगरी Ujjain में देश का दूसरा Vantara तैयार किया जाएगा। यह आधुनिक जू Jamnagar में बने वनतारा अभयारण्य की तर्ज पर विकसित होगा। परियोजना के लिए वनतारा की टीम विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार कर रही है और प्रारंभिक सर्वे भी पूरा किया जा चुका है।
100 हेक्टेयर से ज्यादा जमीन चिन्हित
जानकारी के मुताबिक मक्सी रोड के नौलखी क्षेत्र में करीब 100 हेक्टेयर से अधिक भूमि इस प्रोजेक्ट के लिए चिन्हित की गई है। यहां वन्यजीवों के संरक्षण, देखरेख और इलाज के लिए आधुनिक सुविधाओं से लैस रेस्क्यू सेंटर बनाया जाएगा।
सफारी और नाइट कैंपिंग का भी होगा इंतजाम
प्रोजेक्ट में पर्यटकों के लिए जंगल सफारी, नाइट कैंपिंग और अन्य पर्यटन गतिविधियां भी शामिल होंगी। मुख्यमंत्री की योजना के अनुसार धार्मिक-सांस्कृतिक विरासत के साथ उज्जैन में पर्यटन गतिविधियों का भी विस्तार किया जाएगा, जिससे शहर एक बड़े धार्मिक और पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित हो सके।
सिंहस्थ 2028 से पहले पहला चरण पूरा करने की योजना
सरकार की कोशिश है कि Simhastha Kumbh Mela 2028 से पहले इस परियोजना का पहला चरण पूरा हो जाए। शुरुआती चरण में लगभग 300 करोड़ रुपये की लागत से यह प्रोजेक्ट तैयार होगा, जिसमें 300 से अधिक देशी-विदेशी प्रजातियों, टाइगर सफारी और अत्याधुनिक रेस्क्यू सेंटर की व्यवस्था होगी।
पर्यटक यहां दिन और रात दोनों समय जंगल सफारी का आनंद ले सकेंगे। साथ ही उज्जैन संभाग के विभिन्न क्षेत्रों से रेस्क्यू किए गए वन्यजीवों का इलाज और संरक्षण भी इसी केंद्र में किया जाएगा।



